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गुरुवार, 24 दिसंबर 2015

बड़ जतन के वेतन

बड़ जतन ले वेतन आहे
लोग लाइक घरवाली मुस्काहे।
देवरी में फटाका ल फोर
अगले महीना के बचत ल छोर।
आबंटन होंगे हे खतम
करले अब थोकन जतन।
देवरी मना फेर पइसा बचा
झन जादा हाहाकार मचा।
आबंटन ल अब अगोर लेबे
एकादसी में फटाका फोर लेबे।
शिक्षा कर्मी बने हच तोर करम
आबंटन आहि ये हरे बड़े भरम।
आबंटन जब तक आहि
हर दुकानदार फेर गुर्राही।
आबंटन के सिस्टम हे बेमानी
हर महिना होथे परेशानी।
आबंटन जब होही खतम
घर दुवारी के होही जतन।
दू लाख ल मुर्ख बनाये
50झन नेता कहाये।
जब टुटही हमर भरम
गद्दार रोही पूरा जनम।
जब आबंटन सिस्टम बंद कराहु
तब हर महिना वेतन ला पाहु।
घरवाली ल मुस्करावत पाहु
लोग लइका संग बने देवारी मनाहु।
हैप्पी देवारी 😂😭
✒ लोकनाथ सेन
🏡 पुरानी बस्ती बलौदा बाजार
📱 9977580623

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