(1)
आप मन के आशीर्वाद हे
मया के बरसात हे
तुहरे दया कृपा से
मोर व्हाट्स अप्प के दुकान आबाद हे|
(2)
हम ला तो सोशल मीडिया के बीमारी हे
कविता पढ़े के लाचारी हे
लिखे ला आतिश ता
पूरा इतिहास लिख देतेव
मोर कलम बड़ा अत्याचारी हे |
(3)
फेविकॉल के मजबूत जोड़
दुश्मन भी ना पाये तोड़
टंगिया बसला के बात छोड़
पथरा म मुड़ी ला फोर |
(4)
वर्मा जी ये आँशु कवी का होथे
जेखर कविता ला सुनके सब्बो झन रोथे
कविता के बात ला नि समझे
फेर कवि जैसे बात ला घोरथे |
आप मन के आशीर्वाद हे
मया के बरसात हे
तुहरे दया कृपा से
मोर व्हाट्स अप्प के दुकान आबाद हे|
(2)
हम ला तो सोशल मीडिया के बीमारी हे
कविता पढ़े के लाचारी हे
लिखे ला आतिश ता
पूरा इतिहास लिख देतेव
मोर कलम बड़ा अत्याचारी हे |
(3)
फेविकॉल के मजबूत जोड़
दुश्मन भी ना पाये तोड़
टंगिया बसला के बात छोड़
पथरा म मुड़ी ला फोर |
(4)
वर्मा जी ये आँशु कवी का होथे
जेखर कविता ला सुनके सब्बो झन रोथे
कविता के बात ला नि समझे
फेर कवि जैसे बात ला घोरथे |

कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें